Janta Ki Awaj

NEWS AND POLITACAL

ई-चेक गेट से खनिज परिवहन पर सख्ती, सिंगरौली में 3 स्थानों पर शुरू हुई निगरानी

सिंगरौली

ई-चेक गेट से खनिज परिवहन पर सख्ती, सिंगरौली में 3 स्थानों पर शुरू हुई निगरानी

 

सिंगरौली, 24 अप्रैल 2026।

प्रदेश में खनिजों के अवैध परिवहन पर लगाम कसने के लिए अब तकनीक का सहारा लिया जा रहा है। राज्य सरकार द्वारा संशोधित नियमों के तहत 16 अप्रैल 2026 से ई-चेक गेट (मानवरहित) प्रणाली लागू कर दी गई है, जिसके अंतर्गत पूरे प्रदेश में 40 ई-चेक गेट पूरी तरह से सक्रिय हो चुके हैं।

इसी क्रम में सिंगरौली जिले में भी तीन प्रमुख स्थानों—ग्राम तेलाई (तहसील सिंगरौली), ग्राम निगरी (तहसील सरई) और खनहना बैरियर (तहसील दुधमनिया)—में ई-चेक गेट स्थापित कर दिए गए हैं। इन गेटों के माध्यम से खनिज परिवहन करने वाले वाहनों की ऑनलाइन निगरानी की जाएगी।

जिला खनिज अधिकारी सुश्री आकांक्षा पटेल के अनुसार, अब सभी खनिज परिवहन करने वाले वाहनों पर रेडियो फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन (RFID) टैग लगाना अनिवार्य कर दिया गया है। यह टैग वाहन के फ्रंट विंडशील्ड पर लगाया जाएगा, जिससे ई-चेक गेट से गुजरते समय वाहन की पूरी जानकारी स्वतः सिस्टम में दर्ज हो जाएगी।

ई-चेक गेट पर अत्याधुनिक उपकरण जैसे वेरिफोकल कैमरा, ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रीडर (ANPR) और RFID रीडर लगाए गए हैं, जो वाहनों की संख्या, खनिज की मात्रा और वजन का स्वतः मिलान करेंगे। किसी भी प्रकार की अनियमितता जैसे ओवरलोडिंग, बिना ई-टीपी के परिवहन या नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर तत्काल ऑनलाइन कार्रवाई की जाएगी।

प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अवैध खनिज परिवहन करने वाले वाहनों पर मध्यप्रदेश खनिज (अवैध खनन, परिवहन एवं भंडारण का निवारण) नियम 2022 के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा वाहन का पंजीयन निलंबित या निरस्त किया जा सकता है तथा जरूरत पड़ने पर वाहन जब्त भी किया जा सकेगा।

ई-चेक गेट प्रणाली लागू होने से खनिज परिवहन में पारदर्शिता आएगी और अवैध गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण संभव हो सकेगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *